शाजापुर। जिले में स्वामित्व रजिस्ट्री एवं निष्पादन योजना को लेकर राजस्व अमले और प्रशासन के बीच टकराव की स्थिति बन गई है। मैदानी स्तर पर आ रही तकनीकी दिक्कतों को नजरअंदाज कर लक्ष्य पूरा करने के दबाव और पटवारियों पर हो रही एकतरफा दंडात्मक कार्रवाई ने जिलेभर के पटवारियों को आक्रोशित कर दिया है। इसके तहत जिलाध्यक्ष हरिओम हनोतिया के नेतृत्व में पटवारियों ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व शुजालपुर, शाजापुर और गोलाना को ज्ञापन सौंपे। ज्ञापन में संघ का स्पष्ट कहना है कि पटवारी हमेशा प्रशासन के साथ सहयोगात्मक रवैया अपनाते आए हैं, लेकिन जमीनी हकीकत को समझे बिना केवल उन पर कार्रवाई करना न्यायसंगत नहीं है। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि स्वामित्व योजना के तहत की गई कार्रवाई तत्काल प्रभाव से निरस्त की जाए। संघ ने इस बात पर जोर दिया कि जिन ऑनलाइन कार्यों की प्रगति विभिन्न पोर्टल, ओटीपी, आधार, समग्र आईडी, वेब जीआईएस या सीधे तौर पर किसानों की सहभागिता पर निर्भर करती है, उनमें शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल न होने पर केवल पटवारी को बलि का बकरा न बनाया जाए। इसके अलावा, अवकाश और त्योहारों के दिन अनावश्यक कार्य के दबाव से मुक्त करने तथा योजना को लेकर स्पष्ट एवं लिखित दिशा-निर्देश जारी करने की भी पुरजोर मांग की गई। ज्ञापन सौंपते समय बड़ी संख्या में पटवारी मौजूद रहे।